


इस दौरान ग्राम गोष्ठी, शपथ ग्रहण व सभी स्कूलों के बच्चो में जागरूकता अभियान चलाया जाएगा. नौ मार्च से 23 मार्च तक दूसरा राउंड में घर-घर कुष्ठ खोजी अभियान चलाया जाएगा. स्पर्श कुष्ठ जागरूकता एवं कुष्ठ रोग खोज अभियान के दौरान जिन-जिन गांवों में विगत सात वर्षों के अंदर एक भी कुष्ठ के रोगी नहीं मिले हैं वहां घर-घर सर्वे कर कुष्ठ रोग से पीड़ित मरीजों की पहचान की जाएगी एवं उन्हें कुष्ठ रोग के प्रति जागरूक किया जाएगा.
बैठक में उपायुक्त ने गांव स्तर पर ग्रामगोष्ठी का आयोजन करने एवं आंगनबाड़ी, स्कूलों व स्वास्थ्य केंद्रों में शपथ दिलाने का निर्देश दिया. उन्होंने ने कहा कि जिला में कुष्ठ रोगी नियमित रूप से मिल रहे हैं जिनकी ट्रेसिंग भी जरूरी है. अभियान को सफल बनाना है और जिला से कुष्ठ को मिटाना है. कुष्ठ रोग की पहचान, लक्षण व निवारण की जानकारी देने पर बल दिया गया.
मौके पर जिला परिषद अध्यक्ष पुनम देवी, उप विकास आयुक्त सैय्यद रियाज अहमद, आईटीडीए निदेशक प्रवीण कुमार गगराई, अनुमंडल पदाधिकारी लातेहार अजय कुमार रजक, अनुमंडल पदाधिकारी महुआडांड़ बिपिन कुमार दुबे, जिला कुष्ठ निवारण पदाधिकारी डॉ शोभना टोप्पो के अलावा जिला स्तरीय कई पदाधिकारी मौजूद थे. 