


मंदिर परिसर में भक्ति और आध्यात्मिक वातावरण देखने को मिला. महिलाओं ने विधि-विधान से तुलसी माता की पूजा की और भजन-कीर्तन के माध्यम से धार्मिक कार्यक्रम को सफल बनाया. समिति की सदस्यों ने बताया कि इस वर्ष तुलसी पंचमी का यह शुभ मुहूर्त लगभग 154 वर्षों बाद आया है, जिसके कारण इसका विशेष धार्मिक महत्व है. इस अवसर पर देशभर में तुलसी पूजन किया जा रहा है और लोगों को इसके महत्व के बारे में जागरूक किया जा रहा है. 
