


जुलूस मुख्य पथ होते हुए समाहरणालय परिसर में पहुंची. यहां एक सभा का का आयोजन किया गया. इस अवसर पर मुख्य अतिथि झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा के संस्थापक पुष्कर महतो ने आगामी तीन जनवरी 2026 को मारंग गोमके जयपाल सिंह मुंडा की जयंती के अवसर पर मुख्यमंत्री आभार यात्रा में भाग लेने की अपील की. उन्होंने कहा कि झारखंड आंदोलनकारी अपने बाल-बच्चों के अधिकारों की रक्षा के लिए सदैव सजग रहें. उन्होंने कहा कि अबुआ सरकार में दिकू प्रशासन पर लगाम जरूरी है. विशिष्ट अतिथि दक्षिणी छोटा नागपुर प्रमंडल की अध्यक्ष रोजलीन तिर्की ने कहा कि झारखंड आंदोलनकारी पूरी तन्मयता के साथ संघर्ष करें. अभी राज्य सरकार ने आंदोलनकारी के आश्रितों के लिए पांच प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण, प्रमण पत्र दिया है. इसे ले कर तीन जनवरी को मारंग गोमके जयपाल सिंह मुंडा की जयंती पर मुख्यमंत्री आभार यात्रा किया जाएगा.
झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा के इस आंदोलन का पूर्व उप मुख्यमंत्री सुदेश कुमार महतो ने भी अपना समर्थन दिया और कहा कि झारखंड आंदोलनकारियों को विशेष पहचान, मान सम्मान व विशेष दर्जा मिलना चाहिए. कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए जिला संयोजक विश्वनाथ प्रसाद ने कहा कि झारखंड आंदोलनकारियों से ही राज्य एवं सरकार की पहचान है.
कार्यक्रम में पूर्व मंत्री बैद्यनाथ राम, झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा के जिला संयोजक विश्वनाथ प्रसाद, वीरेंद्र ठाकुर, पूर्व नगर उपाध्यक्ष नवीन सिन्हा, झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा पलामू प्रमण्डल के प्रभारी बालकिशुन उरांव, जिला अध्यक्ष दाउद केरकेट्टा,प्र दीप सिन्हा,शंखनाथ सिंह, रामनाथ गंजू, सत्येंद्र सिंह धनेश्वर उरांव नामदेव उरांव ,विजय भगत बंधू सिंह खरवार, सबीना तेलेरा अरेबियन खाखा,अनिल मनोहर, आफताब आलम, राजीव भाष्कर, कन्हाई सिंह, राजू उरांव, बलराम उरांव, डॉ इंद्रदेव भगत, रामनाथ गांझू, अमृत गांझू, सुकर गांझु, डॉ प्रभात मिंज, सुजीत प्रसाद आदि ने भाग लिया.