बालूमाथ (लातेहार)। बालूमाथ प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत गेरेंजा गांव में ग्राम प्रधान परमेश्वर गंझू की अध्यक्षता में ग्रामीणों की एक बैठक आयोजित की गई. बैठक में एनटीपीसी कॉल माइनिंग परियोजना द्वारा आयोजित प्रस्तावित प्रदूषण नियंत्रण परिषद की जनसुनवाई का ग्रामीणों ने जोरदार विरोध किया. ग्रामीणों ने एक स्वर में कहा कि जनसुनवाई को अविलंब रद्द किया जाए, अन्यथा आंदोलन किया जाएगा. बैठक में ग्राम सभा के माध्यम से निर्णय लिया गया कि यदि 20 मई 2026 तक जनसुनवाई रद्द नहीं की गई तो 25 मई 2026 को राष्ट्रीय राजमार्ग एनएच-22 को पूरी तरह जाम कर दिया जाएगा. ग्रामीणों ने कहा कि इस स्थिति की पूरी जवाबदेही प्रशासन की होगी. मौके पर उपस्थित शंकर उरांव ने कहा कि कंपनी और प्रशासन मिलकर ग्रामीणों की जमीन जबरन अधिग्रहित करने का प्रयास कर रहे हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदूषण नियंत्रण परिषद की जनसुनवाई प्रखंड कार्यालय में इस उद्देश्य से आयोजित की जा रही है, ताकि ग्रामीण प्रशासनिक दबाव में खुलकर विरोध नहीं कर सकें. ग्रामीणों ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि उनकी मांगों को नजरअंदाज किया गया तो वे उग्र आंदोलन करने को बाध्य होंगे. बैठक में उपस्थित लोगों ने कहा कि वे अपने जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए हर संघर्ष करने को तैयार हैं. बैठक में ग्राम प्रधान परमेश्वर गंझू, शंकर उरांव, रामलाल उरांव, देवनाथ उरांव, कामेश्वर उरांव, भोला गंझू, राजू उरांव, संतोष गंझू, अजय उरांव, कुलेश्वर गंझू, आशा देवी, सरिता देवी, संगीता देवी, राजकुमारी देवी, सालो देवी सहित बड़ी संख्या में महिला-पुरुष ग्रामीण मौजूद थे.