बरवाडीह (लातेहार)। संयुक्त ग्राम सभा मंच के बैनर तले शुक्रवार को बरवाडीह अंचल कार्यालय परिसर में भूमिहीन परिवारों को आवासीय एवं कृषि योग्य भूमि उपलब्ध कराने की मांग को लेकर एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया. कार्यक्रम का नेतृत्व जिला परिषद सदस्य सह जिला सांसद प्रतिनिधि कन्हाई सिंह एवं समाजसेवी श्यामली शर्मा ने किया. धरना के बाद प्रतिनिधिमंडल ने अंचल पदाधिकारी लोकेश सिंह को मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा. ज्ञापन में कहा गया कि बरवाडीह अंचल के अनेक भूमिहीन परिवार 1985 से पूर्व से यहां स्थायी रूप से निवास कर रहे हैं. उनके पास भूमि संबंधी दस्तावेज नहीं हैं, लेकिन वे मतदाता सूची में दर्ज हैं, मतदाता पहचान पत्र धारक हैं तथा वर्षों से लोकतांत्रिक प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी निभाते आ रहे हैं. ज्ञापन में झारखंड सरकार की विभिन्न योजनाओं एवं 19 दिसंबर 2017 के कैबिनेट निर्णय का हवाला देते हुए कहा गया कि भूमिहीन परिवारों को आवासीय भूमि उपलब्ध कराने के साथ-साथ खेती के लिए भी भूमि देने का प्रावधान है. प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि प्रत्येक भूमिहीन परिवार को कम से कम 12.5 डिसमिल आवासीय भूमि तथा 5 एकड़ कृषि योग्य भूमि का पट्टा एवं रसीद उपलब्ध कराई जाए, ताकि वे भारतीय संविधान के अनुच्छेद-21 के तहत सम्मानपूर्वक जीवन-यापन कर सकें.
क्या कहा श्यामली शर्मा ने
धरना को संबोधित करते हुए समाजसेवी श्यामली शर्मा ने कहा कि लंबे समय से भूमिहीन परिवार अपने अधिकारों की मांग कर रहे हैं, लेकिन अब तक उन्हें भूमि उपलब्ध नहीं कराई गई है. उन्होंने सरकार से जल्द सकारात्मक पहल करने की मांग की. वहीं जिप सदस्य कन्हाई सिंह ने कहा कि भूमिहीन परिवारों को आवासीय और कृषि योग्य भूमि उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है. बरवाडीह क्षेत्र में वर्षों से रहने वाले अनेक परिवार आज भी जमीन के अधिकार से वंचित है, जिससे उन्हें सरकारी योजनाओं का पूरा लाभ नहीं मिल पा रहा है. उन्होंने कहा कि सरकार को संवेदनशीलता के साथ इन परिवारों की समस्याओं का समाधान करते हुवे जल्द से जल्द भूमि का पट्टा उपलब्ध कराना चाहिए, ताकि वे सम्मानपूर्वक जीवन–यापन कर सकें. यदि मांगों पर शीघ्र सकारात्मक पहल नहीं की गई, तो संयुक्त ग्राम सभा मंच के बैनर तले आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा. वहीं इस संबंध में अंचल पदाधिकारी लोकेश सिंहने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त करते हुए कहा कि प्राप्त ज्ञापन को उच्च अधिकारियों के पास भेज दिया जाएगा. उन्होंने कहा कि उच्च अधिकारियों से आवश्यक निर्देश प्राप्त होने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी. वहीं मौके पर सुदामा राम, परमेश्वर भुइंया, सुनीता देवी, गणेश राम, कलती भुइंया, कमेश मिस्त्री, सीता राम मिस्त्री, छठू भुइंया, मुद्रिका सिंह, हरेश्वर सिंह, अशोक सिंह समेत काफी संख्या में महिला पुरुष मौजूद थे.