बरवाडीह में अंचल अधिकारी पर मनमानी करने का आरोप

बरवाडीह में अंचल अधिकारी की दबंगई, सब्जी बाजार में गाड़ी चढ़वाकर गरीब दुकानदारों की सब्जी रौंदी
क्वेश्चन पेपर के नाम पर क्रूरता : सीओ लवकेश सिंह ने सब्जी बाजार में मचाया उत्पात
कल दुकान लगी तो रौंद देंगे : बरवाडीह सीओ की धमकी से सब्जी विक्रेताओं में दहशत
बरवाडीह । बरवाडीह अंचल अधिकारी लवकेश सिंह एक बार फिर अपनी मनमानी और अमानवीय रवैये को लेकर विवादों में घिर गए हैं। मामला शनिवार शाम करीब 4 बजे का है, जब अंचल अधिकारी क्वेश्चन पेपर को लेकर स्टेट बैंक मार्ग में दाखिल हुए, जहां प्रतिदिन की तरह सब्जी बाजार लगता है। आरोप है कि अंचल अधिकारी ने अपने वाहन चालक को सीधे सब्जियों के ऊपर से वाहन निकालने का निर्देश दे दिया। चालक ने आदेश का पालन करते हुए गरीब सब्जी दुकानदार की मेहनत को रौंदते हुए वाहन आगे बढ़ा दिया। इससे एक दुकानदार की सब्जियां पूरी तरह बर्बाद हो गईं। इतना ही नहीं, अंचल अधिकारी ने दुकानदारों को खुलेआम चेतावनी दी कि यदि कल से यहां एक भी सब्जी दुकान लगी, तो उसे भी रौंद दिया जाएगा। इस घटना के बाद बाजार में अफरा-तफरी मच गई और दुकानदारों में भय का माहौल बन गया।
मामला उस समय और गंभीर हो गया जब मौके पर मौजूद बरवाडीह थाना के सब इंस्पेक्टर नीरज दुबे ने कथित रूप से कहा कि सीओ साहब ने तो कम किया है, हम रहते तो पूरा बाजार रौंद देते। इस बयान से आक्रोशित दुकानदारों में भारी रोष व्याप्त हो गया।
घटना की सूचना मिलते ही व्यवसायिक समिति के अध्यक्ष सह सांसद प्रतिनिधि दीपक राज को अवगत कराया गया। इसके बाद दीपक राज ने सांसद कालीचरण सिंह, जिले के उपायुक्त, पुलिस अधीक्षक एवं बरवाडीह एसडीपीओ से दूरभाष पर वार्ता कर पूरे मामले से अवगत कराया। सांसद सहित वरीय अधिकारियों ने मामले को गंभीरता से लेते हुए त्वरित कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
बैंक से बाहर निकलने के बाद व्यवसायिक समिति के सदस्यों ने अंचल अधिकारी से वार्ता कर इस कृत्य को सरासर मनमानी बताया। समिति ने कहा कि राज्य के किसी भी सब्जी बाजार में इससे अधिक भीड़ रहती है, बावजूद इसके बरवाडीह में चारपहिया वाहनों का प्रवेश सामान्य है। इस पर अंचल अधिकारी ने कथित रूप से कहा कि यह उनकी जमीन है और अतिक्रमण नहीं होने देंगे। समिति ने सब्जी बाजार के लिए वैकल्पिक स्थान उपलब्ध कराने की मांग रखी। सांसद प्रतिनिधि दीपक राज ने कहा कि क्वेश्चन पेपर पहली बार बैंक नहीं आया है, पहले भी कई बार आया है, लेकिन इस तरह का अमानवीय और क्रूर व्यवहार किसी अधिकारी द्वारा पहली बार देखने को मिला है। उन्होंने दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।



