लातेहार
शिक्षक आयेगें और जायेगें, विद्यालय अपनी जगह खड़ा रहेगा: भारती


बच्चे के सर्वांगीण विकास में और उनके उज्जवल स्वस्थ और सभ्य नागरिक निर्माण में दोनों की मिलकर भूमिका है. ये बच्चे सिर्फ आपके ही नहीं राष्ट्र के भी भविष्य हैं. इनके निर्माण में विद्यायल को अभिभावकों का अमूल्य सहयोग चाहिए. उन्होने अपने बच्चों को नियमित और समय पर विद्यालय भेजने की अपील की. साफ स्वच्छ स्नान कराकर स्कूल यूनिफॉर्म में विद्यालय भेजें. उन्होने बच्चों को भरपेट भोजन कराकर और साथ में लंच बॉक्स और पानी की बोतल अनिवार्य रूप से देंने और प्रतिदिन उनसे विद्यालय की गतिविधि के बारे में सहज माहौल में बातचीत करने की बात कही.
आगे कहा किविद्यालय में अनुपस्थित होने के उपरांत आपने द्वारा हस्ताक्षरित आवेदन के साथ ही विद्यालय भेजें. अपने बच्चों के क्लास टीचर के संपर्क में रहें और बच्चे से संबंधित किसी भी प्रकार की समस्या पहले उनके क्लास टीचर को बताएं. विद्यालय में वही उनके प्रथम अभिभावक हैं. अभिभावक शिक्षक बैठक (PTM )में अनिवार्य रूप से भाग लेने की अपील अभिभावकों से की.