बरवाडीह। झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा बरवाडीह प्रखंड कमेटी के तत्वावधान में शनिवार को शहीद निर्मल महतो का शहादत दिवस बलिदान दिवस के रूप में मनाया गया. इस अवसर पर झारखंड आंदोलनकारियों ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धासुमन अर्पित किए और झारखंड अलग राज्य के आंदोलन में उनके योगदान को याद किया. कार्यक्रम में झारखंड आंदोलनकारी वीरेंद्र ठाकुर ने कहा कि शहीद निर्मल महतो झारखंड आंदोलन के अग्रणी नायकों में शामिल थे. उन्होंने कहा कि झारखंड अलग राज्य के निर्माण की लड़ाई में निर्मल महतो की भूमिका महत्वपूर्ण रही. उनका जीवन और संघर्ष झारखंड आंदोलनकारियों के लिए प्रेरणा का स्रोत है. आंदोलनकारी रामजन्म सिंह ने कहा कि निर्मल महतो की शहादत को झारखंड आंदोलनकारी बलिदान दिवस के रूप में मना रहे हैं. उन्होंने कहा कि अलग झारखंड राज्य के लिए चलाए गए आंदोलन में निर्मल महतो ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उनकी शहादत को कभी भुलाया नहीं जा सकता. कार्यक्रम के दौरान आंदोलनकारियों ने कहा कि झारखंड के लिए संघर्ष करने वाले आंदोलनकारियों के योगदान और बलिदान को नई पीढ़ी तक पहुंचाने की आवश्यकता है. शहीद निर्मल महतो के विचारों और संघर्ष को याद करते हुए उपस्थित लोगों ने उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया. इस अवसर पर नागेंद्र भगत, मकसूद आलम, वीरेंद्र ठाकुर, रामजन्म सिंह, रामनंदन सिंह, ईश्वरी सिंह, मैत्री कुमार, मुनेश्वर सिंह, शेर सिंह, कलिंडा देवी, सुखी देवी, ललन तुरी, विजय सिंह, ललिता देवी, पवन सिंह, परीक्षण सिंह, धुरविजन सिंह, अली हुसैन, रामावतार राम, लोकनाथ सिंह, विनय चंदेल, रामनरेश सिंह, किसमतिया कुंवर, मनोज, परीखन सिंह, कुमार राकेश कुमार, रामकृष्ण टूरी, फुलवा कुंवर समेत कई झारखंड आंदोलनकारी मौजूद थे.