बरवाडीह (लातेहार)। केचकी रेलवे स्टेशन पर एक्सप्रेस ट्रेनों के ठहराव सहित यात्री सुविधाओं के विस्तार की मांग को लेकर रविवार को एक्सप्रेस ठहराव संघर्ष समिति के बैनर तले एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन किया गया. धरने में स्थानीय ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने रेलवे प्रशासन से पांच सूत्री मांगों पर शीघ्र सकारात्मक पहल करने की मांग की. धरना के बाद समिति की ओर से पांच सूत्री मांग पत्र केचकी स्टेशन मास्टर को सौंपा गया। समिति ने मांग पत्र को धनबाद मंडल के डीआरएम तक पहुंचाने का आग्रह किया. धरना का संचालन झारखंड आंदोलनकारी अलीहसन अंसारी ने किया. उन्होंने कहा कि केचकी रेलवे स्टेशन पर्यटन की दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण है. इसके आसपास बेतला नेशनल पार्क, ऐतिहासिक पलामू किला, मिरचैया फॉल और केचकी संगम तट सहित कई प्रमुख पर्यटन स्थल हैं. इसके बावजूद स्टेशन पर एक्सप्रेस ट्रेनों का ठहराव नहीं होने से स्थानीय लोगों और पर्यटकों को काफी परेशानी होती है.
विद्यार्थियों और आम यात्रियों को होती है परेशानी
अलीहसन अंसारी ने कहा कि रांची और डालटनगंज में पढ़ाई करने वाले छात्र-छात्राओं के अलावा व्यापारी, मजदूर, किसान और आम यात्रियों को भी आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है. रांची-सासाराम इंटरसिटी एक्सप्रेस का केचकी स्टेशन पर ठहराव शुरू होने से क्षेत्र के हजारों लोगों को सीधा लाभ मिलेगा. उन्होंने रेलवे प्रशासन से जनहित की इस मांग को गंभीरता से लेते हुए वरीय अधिकारियों तक पहुंचाकर जल्द निर्णय लेने की अपील की. समिति के सदस्य नंदकिशोर प्रजापति ने कहा कि केचकी स्टेशन पर जरूरी यात्री सुविधाओं का अभाव है. एक्सप्रेस ट्रेनों के ठहराव के साथ स्टेशन पर यात्री सुविधाओं का विस्तार भी जरूरी है. उन्होंने कहा कि क्षेत्र की जनता की समस्याओं को लेकर समिति लगातार आवाज उठाती रही है. मांगों पर उचित कार्रवाई नहीं होने पर आंदोलन को और तेज किया जाएगा.
फुट ओवरब्रिज और अंडरपास नहीं होने से बढ़ा खतरा
धरना के दौरान समिति के सदस्यों ने केचकी स्टेशन पर फुट ओवरब्रिज के निर्माण की मांग प्रमुखता से उठाई. सदस्यों ने कहा कि स्टेशन पर मालगाड़ियों के खड़े रहने के दौरान यात्रियों को कई बार रेल पटरी पार करनी पड़ती है, जिससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है. इसके अलावा कंचनपुर गांव और केचकी संगम तट के पास रेलवे लाइन पार करने में ग्रामीणों और पर्यटकों को परेशानी होती है. इन समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए फुट ओवरब्रिज और अंडरपास का निर्माण आवश्यक है.
ये हैं समिति की पांच सूत्री मांगें
समिति की ओर से सौंपे गए मांग पत्र में रांची-सासाराम इंटरसिटी एक्सप्रेस की अप ट्रेन संख्या 18636 और डाउन ट्रेन संख्या 18635 का केचकी स्टेशन पर दोनों दिशाओं में दो-दो मिनट का ठहराव सुनिश्चित करने की मांग की गई है। इसके अलावा केचकी रेलवे स्टेशन पर फुट ओवरब्रिज, कंचनपुर गांव में रेलवे पोल संख्या 269/17-18 के पास अंडरपास, केचकी ओरंगा नदी के गेट के पास अंडरपास तथा केचकी ओरंगा गेट से मंगरा रेलवे स्टेशन तक दोनों ओर आवागमन के लिए पीसीसी सड़क निर्माण की मांग शामिल है. समिति ने बताया कि इन मांगों को लेकर पूर्व में भी रेलवे के वरीय अधिकारियों को ज्ञापन दिया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई लिखित सूचना या ठोस कार्रवाई नहीं हुई है. समिति ने चेतावनी दी कि अगले दो से तीन माह के भीतर मांगों पर गंभीरता से कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा. जरूरत पड़ने पर अनिश्चितकालीन रेल परिचालन ठप कराने का निर्णय लिया जा सकता है. धरना के दौरान नंदकिशोर प्रजापति, अब्दुल सलाम अंसारी, फौजदार सिंह, मुखिया बुद्धेश्वर सिंह, हरेराम सिंह, देवेंद्र सिंह, सांसद प्रतिनिधि ईश्वरी सिंह, विजय सिंह, राजेश्वर सिंह, समाजसेवी श्यामली शर्मा, महिला नेत्री रूपाली देवी, लक्ष्मी प्रसाद, समाजसेवी देवेंद्र कुमार सिंह चेरो, हजारी सिंह, उमाशंकर दयाल, उमेश प्रसाद सिंह और सूरजमल सिंह समेत कई लोग मौजूद थे. सुरक्षा व्यवस्था को लेकर आरपीएफ के जवान भी तैनात रहे.