लातेहार। मनिका विधानसभा क्षेत्र के धनकारा गांव में मतदाता सूची से नाम हटाने के लिए बड़ी संख्या में जमा किए गए फॉर्म-7 को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है. मामले को लेकर बुधवार को लातेहार परिसदन भवन में मीडिया से बातचीत करते हुए मनिका विधायक रामचंद्र सिंह ने भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए और पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की. विधायक रामचंद्र सिंह ने आरोप लगाया कि धनकारा गांव में भाजपा के बीएलए-2 द्वारा एक ही समुदाय के लोगों के नाम से बड़ी संख्या में फॉर्म-7 भरकर जमा किए गए हैं. उन्होंने कहा कि यदि किसी व्यक्ति का नाम गलत तरीके से मतदाता सूची में दर्ज है या संबंधित व्यक्ति वहां निवास नहीं करता है, तो नियमानुसार जांच के बाद नाम हटाने की प्रक्रिया पूरी तरह उचित है. लेकिन किसी राजनीतिक दल के समर्थक नहीं होने के आधार पर दबाव बनाकर मतदाता का नाम हटाने का प्रयास किया जाता है तो यह लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए गंभीर चिंता का विषय है. उन्होंने कहा कि मतदाता सूची किसी राजनीतिक दल की संपत्ति नहीं, बल्कि लोकतंत्र की बुनियाद है. किसी भी योग्य मतदाता को उसके मताधिकार से वंचित करने का प्रयास किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जा सकता. विधायक ने कहा कि उन्होंने मामले को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों से भी बातचीत की है और अब जिला प्रशासन को पूरे मामले की गहराई से जांच करनी चाहिए. रामचंद्र सिंह ने भाजपा पर राजनीतिक हमला बोलते हुए कहा कि भाजपा की राजनीति में अब आरोप-प्रत्यारोप और सत्ता हासिल करने के लिए हर स्तर तक जाने की प्रवृत्ति दिखाई दे रही है. उन्होंने मतदाताओं से अपील की कि वे मतदाता सूची को लेकर पूरी तरह सतर्क रहें और अपने तथा अपने परिवार के सदस्यों के नाम की स्थिति की जानकारी लेते रहें. विधायक ने जिला प्रशासन से मांग की कि धनकारा में जमा फॉर्म-7 की जांच कर यह स्पष्ट किया जाए कि आवेदन वास्तविक तथ्यों के आधार पर दिए गए हैं या किसी राजनीतिक उद्देश्य से. उन्होंने कहा कि जांच में यदि नियमों का उल्लंघन या फर्जीवाड़ा सामने आता है तो संबंधित लोगों पर विधिसम्मत कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि भविष्य में कोई भी व्यक्ति लोकतांत्रिक अधिकारों के साथ खिलवाड़ करने का साहस न कर सके.