लातेहार
सरस्वती विद्या मंदिर में विजय दिवस मनाया गया

लातेहार। सरस्वती विद्या मंदिर, धर्मपुर पथ, लातेहार में मंगलवार को विजय दिवस मनाया गया. इस अवसर पर बतौर मुख्य अतिथि सीआरपीएफ 11वीं बटालियन के इंस्पेक्टर श जितेंद्र कुमार पाण्डेय तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में इंस्पेक्टर रामानंद सिंह मौजूद थे. कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि इंस्पेक्टर श्री पाण्डेय, विशिष्ट अतिथि श्री रामानंद सिंह, विद्यालय प्रबंधकारिणी समिति के अध्यक्ष राजीव रंजन पाण्डेय एवं प्रधानाचार्य उत्तम कुमार मुखर्जी द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलन कर किया गया.
अतिथियों का औपचारिक परिचय विद्यालय के वरिष्ठ आचार्य लाल बहादुर राम द्वारा प्रस्तुत किया गया. जबकि विषय प्रवेश प्रधानाचार्य द्वारा कराया गया. मुख्य अतिथि जितेंद्र कुमार पाण्डेय ने अपने उद्बोधन में विजय दिवस के ऐतिहासिक एवं राष्ट्रीय महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह दिवस भारतीय सैनिकों के अदम्य साहस, शौर्य एवं बलिदान का प्रतीक है. उन्होंने 1971 के युद्ध का उल्लेख करते हुए बताया कि इस युद्ध में 93,000 पाकिस्तानी सैनिकों ने आत्मसमर्पण किया था. इसके बाद बांग्लादेश का निर्माण हुआ.

यह विजय केवल सैन्य शक्ति की नहीं, बल्कि मानवता, एकता और राष्ट्रधर्म की भी विजय थी. उन्होंने विजय दिवस के तीन प्रमुख संदेश बताए. कहा कि राष्ट्र सर्वोपरि है, आपसी एकता अनिवार्य है तथा अनुशासन के साथ मातृभूमि की सेवा ही सच्चा राष्ट्रधर्म है. उन्होंने कहा कि अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा के साथ जीवन के किसी भी क्षेत्र में रहते हुए देश की सेवा की जा सकती है. विद्यालय प्रबंधकारिणी समिति के अध्यक्ष राजीव रंजन पाण्डेय ने भारतीय सेना के पराक्रम, त्याग एवं राष्ट्र के प्रति समर्पण की सराहना की.




