


इसके पश्चात नमाज-ए-ईशा के बाद लोगों का काफिला कोलकत्ता के लिए प्रस्थान किया. यह आलिमी इज्तेमा पश्चिम बंगाल के हुगली जिला के पांडव गांव में आयोजित किया जा रहा है. जिसमें झारखंड सहित विभिन्न राज्यों के अलावा देशभर से बड़ी संख्या में मुस्लिम धर्मावलंबी शामिल होंगे. यह धार्मिक आयोजन शुक्रवार से शुरू होकर सोमवार को सामूहिक दुआ के साथ संपन्न होगी. इज्तेमा के दौरान देश के प्रसिद्ध उलेमा, आलिम और धर्मगुरु इस्लामी शिक्षाओं, नैतिकता, सामाजिक सौहार्द और जीवन में अमल की अहमियत पर विस्तृत परिचर्चा करेंगे.
आयोजकों के अनुसार, इस आलिमी इज्तेमा का उद्देश्य समाज में शांति, भाईचारा और इंसानियत के संदेश को मजबूत करना है. बालूमाथ से रवाना हुए श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा गया. लोगों ने कहा कि इस तरह के आयोजनों से धार्मिक ज्ञान के साथ साथ आपसी एकता और अनुशासन की भावना को बल मिलता है. स्थानीय लोगों ने बताया कि हमेशा की तरह इस बार भी बालूमाथ क्षेत्र से बड़ी संख्या में लोग आलमी इज्तेमा में भाग लेने जा रहे हैं. जो क्षेत्र के लिए गर्व की बात है.