लातेहार। नयी शिक्षा नीति तहत सरस्वती विद्या मंदिर, धर्मपुर पथ, लातेहार में एक दिवसीय पंचपदी आधारित कार्यशाला का आयोजन किया गया. कार्यशाला का उद्देश्य आचार्यों को पंचपदी शिक्षण पद्धति के माध्यम से शिक्षण को अधिक प्रभावी, गतिविधि-आधारित एवं बाल-केंद्रित बनाने के लिए प्रशिक्षित करना था. कार्यशाला में आचार्यों को पंचपदी के विभिन्न चरणों की जानकारी देते हुए कक्षा-कक्ष में इसके व्यावहारिक प्रयोग पर चर्चा की गई. प्रशिक्षण के दौरान शिक्षण को रुचिकर बनाने, विद्यार्थियों की सक्रिय सहभागिता बढ़ाने तथा विषय को सरल एवं सहज ढंग से समझाने के विभिन्न तरीकों पर प्रकाश डाला गया. विद्यालय के प्रधानाचार्य उत्तम कुमार मुखर्जी ने कहा कि पंचपदी आधारित शिक्षण पद्धति विद्यार्थियों में विषय की समझ विकसित करने के साथ-साथ उनके चिंतन, अभिव्यक्ति एवं रचनात्मकता को भी बढ़ावा देती है. उन्होंने कहा कि आचार्यों को आधुनिक आवश्यकताओं के अनुरूप शिक्षण पद्धतियों को अपनाते हुए विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास पर विशेष ध्यान देना चाहिए. कार्यशाला में विद्यालय के आचार्या शिल्पा कुमारी, सृष्टि सिंह, सुश्री प्रियंका कुमारी, सलमान होजाईसा ,चंद्र प्रकाश, गीता कुमारी ने पंचपदी आधारित कक्षाएं लेने का कार्य किया.