राज्य
सरस्वती विद्या मंदिर में समरसता खिचड़ी का आयोजन


उन्होने बताया कि विद्यालय के सभी छात्र व छात्राओं ने समरसता खिचड़ी में अपना सहयोग दिया और अपने-अपने घरों से चावल, दाल और आलू जैसे खाद्य पदार्थ लाकर समरसता खिचड़ी को बनाने में अपना सहयोग प्रदान किया. इस आयोजन में विद्यालय प्रबंध कारिणी समिति के राजीव रंजन पांडेय, नरेंद्र पांडेय, धमेंद्र जायसवाल, ज्योति चौधरी, समेंत समाज के अन्य गणमान्य महिलाएं एवं पुरुषों ने भी भाग लिया.
प्रधानाचार्य श्री मुखर्जी ने कहा कि ऐसे आयोजनों से विभिन्न प्रकार के लोगों और समुदाय में एकता और समरसता की भावना का संचार होता है. खिचड़ी भी समरसता की प्रतीक है. खिचड़ी अपने में विभिन्न अनाज, दाल व सब्जियों को समाहित करती है. यह न सिर्फ खाने में स्वादिष्ट होती है वरन एक स्वास्थ्यकर व्यंजन भी है.