लातेहार। शहर के बीचोबीच स्थित अंबाकोठी में आयोजित होने वाले श्री रामचरित मानस नवाह्रन पारायण पाठ महायज्ञ का 53 वां अधिवेशन शनिवार की सुबह करीब कलश यात्रा के साथ शुरू हो गया है. सुबह नौ बजे महायज्ञ परिसर से कलश यात्रा निकाली गयी. कलश यात्रा महायज्ञ परिसर से निकल कर शहर के मुख्य पथ होते हुए काली मंदिर मोड़ पहुंची.
इसके बाद थाना चौक होते हुए रेलवे स्टेशन रोड के औरंगा नदी तट पहुंची. यहां कलशों में नदी का पवित्र जल भरा गया. इस अवसर पर बतौर मुख्य यजमान के रूप में पवन कुमार महलका सप्तनीक थे. जबकि वैदिक मंत्रोच्चारण पंडित अनिल मिश्रा ने किया. इसके बाद कलश यात्रा शहर के बााइपास चौक और मुख्य पथ होते हुए महायज्ञ परिसर पहुंची. यहां कलशों की स्थापना कर पूजा अर्चना प्रारंभ की गयी.
महायज्ञ समिति के मुख्य सरंक्षक सह राज्यसभा सांसद बैद्यनाथ राम ने कहा कि शारदीय नवरात्र के प्रथम तिथि 11 अक्टूबर से नवाह्रन परायण पाठ का शुभारंभ किया गया जायेगा. उन्होने बताया कि सुबह आठ से अपराह्न दो बजे तक परायण पाठ एवं सध्या में आरती और भजन कीर्तन एवं रामलीला का मंचन किया जायेगा. उन्होने सभी कार्यक्रमों में भाग लेने एवं तन मन व धन से सहयोग करने की अपील नगर वासियो से की है. कोषाध्यक्ष विनोद कुमार महलका ने बताया कि कलश यात्रा में तकरीबन नौ सौ कुंवारी कन्या व महिलाओं ने भाग लिया. उन्होने बताया कि मानस पाठ का शुभारंभ 11 अक्टूबर को पूर्वाह्न 11 बजे किया जायेगा. मौके पर महायज्ञ समिति के ध्यक्ष प्रमोद सिंह, महामंत्री सुदामा प्रसाद गुप्ता, अशोक कुमार महलका, निर्मल महलका, राजेश सिंह सुनील कुमार शौंडिक, चंद्रप्रकाश उपाध्याय, अनूप महलका, प्रभात कुमार, रंजीत कुमार, चंदन कुमार, दिनेश कुमार महलका, संतोष अग्रवाल, राजीव रंजन पांडेय, मुकेश कुमार पांडेय, सुरेश प्रसाद, प्रकाश मोहन अग्रवाल, मदन प्रसाद, आशीष प्रसाद, रितेश कुमार महलका व संतोष पासवान समेंत काफी संख्या में लोग शामिल थे.