लातेहार। श्री सूर्यनारायण पूजा समिति के द्वारा बनाये गये तोरणद्वार का उदघाटन सोमवार को स्थानीय विधायक प्रकाश राम के द्वारा किया जाना था. इसी पथ से छठ व्रती औरंगा नदी तट जाते हैं. तैयारियां तकरीबन पूरी हो गयी थी. तीन बजे से उदघाटन होना था, इसी बीच तकरीबन दो बजे खबर आयी कि सूर्यनारायण पूजा समिति के संरक्षक व शहर के प्रतिष्ठित व्यवसायी बिगन प्रसाद का देहांत हो गया. उदघाटन समारोह बिगन प्रसाद के दरवाजे के सामने ही प्रति वर्ष होता है. उनके देहांत की खबर सुन कर सभी हतप्रभ रह गये. सहसा किसी को विश्वास नहीं हुआ. बिगन प्रसाद 12 बजे तक अपने आढ़त में थे और दैनिक कार्य निपटा रहे थे. उनके निधन के बाद उदघाटन समारोह स्थगित कर दिया गया. समिति ने दिवगंत प्रसाद को श्रद्धांजलि देते हुए लाउडस्पीकर बंद करा दिये. जबकि तकरीबन दो किलोमीटर की दूरी तक लाउडस्पीकर लगाये गये थे. इनमे दो दिन पहले से ही छठ के गीत बज रहे थे. लेकिन उनके निधन के बाद शहर के लाउडस्पीकर बंद कर दिये गये. सिर्फ विधि व्यवस्था संधारण हेतु माइकिंंग की जा रही थी. शहर के लोगों को भी समझ में नहीं आ रहा था कि आखिरकार लाउडस्पीकर बंद क्यों है. समिति ने हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी भगवान सूर्य की प्रतिमा स्थापित कर पूजा अर्चना की थी. पूजा के बाद सप्तमी तिथि को संध्या गाजे बाजे के साथ प्रतिमा विसर्जन हर साल किया जाता था, लेकिन इस बार सादगी के साथ मात्र कुछ लोगो ने एक ट्रैक्टर में प्रतिमा ले कर जा कर बड़ा तालाब में विसर्जित किया. श्री सूर्यनारायण पूजा समिति के अध्यक्ष सुरेंद्र प्रसाद सिंह ने कहा कि बिगन प्रसाद इस समिति के सिर्फ संरक्षक ही नहीं थे, बल्कि हमेशा एक अभिभावक के रूप में समिति के साथ खड़े होते थे. उनके योगदानों को भूलाया नहीं जा सकता है. समिति के सभी पदधारी व सदस्य उनके निधन से मर्माहत हैं. उनके योगदानों को लंबे समय पर याद किया जायेगा. समिति ने दिवगंत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की.