लातेहार। जिले के बालूमाथ थाना क्षेत्र के केरी गांव स्थित सरदम टोला की रहने वाली 50 वर्षीय मनी देवी ने गांव के ही सात लोगों पर लगातार गाली-गलौज, मारपीट और प्रताड़ित करने का गंभीर आरोप लगाए है. इसे लेकर उन्होंने एक ज्ञापन सौंप कर पुलिस अधीक्षक लातेहार से न्याय की गुहार लगाई है. मनी देवी ने बताया कि उनके पति जगेशर साव चंदवा स्थित एक होटल में काम करते हैं, जबकि दोनों बेटे मजदूरी के लिए चेन्नई में रहते हैं. घर में अकेली रहने का फायदा उठाकर उनके रिश्तेदार हुलास साव, राजू साव, छोटू साव, मुनिया देवी, संगीता देवी, रूबी देवी और सरिता देवी अक्सर उन्हें परेशान करते हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि घर के पास स्थित जमीन पर खेती करने या घेराबंदी करने जाने पर आरोपित गाली-गलौज और मारपीट करते हैं. यहां तक कि सरकारी कुएं से पानी भरने जाने पर भी उन्हें भगा दिया जाता है. पीड़िता के अनुसार 17 जून 2026 की रात करीब साढ़े नौ बजे मुनिया देवी, रूबी देवी और संगीता देवी उनके घर के सामने शौच करने लगीं. विरोध करने पर तीनों महिलाओं ने उन्हें गालियां दीं. अगले दिन 18 जून की सुबह करीब पांच बजे सभी आरोपित उनके घर पहुंचे और दरवाजा खुलवाकर बुरी तरह मारपीट की. मनी देवी का कहना है कि मारपीट में वह बेहोश हो गईं और होश आने के बाद घायल अवस्था में पति के मित्र दिलेश्वर महतो के घर पहुंचीं, जहां से उन्हें बालूमाथ अस्पताल में भर्ती कराया गया. महिला ने यह भी आरोप लगाया कि घटना की लिखित शिकायत बालूमाथ थाना में देने के बावजूद पुलिस ने उनकी शिकायत दर्ज नहीं की और उन्हें डांटकर भगा दिया. उन्होंने बताया कि इससे पहले भी 13 मई 2026 को छोटू साव और उनकी पत्नी सरिता देवी ने खेत की मेड़ को लेकर मारपीट की थी. वहीं नवंबर 2025 में राजू साव ने भी उनके साथ मारपीट की थी. लगातार हो रही घटनाओं से डरी-सहमी मनी देवी ने पुलिस अधीक्षक से आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने, न्याय दिलाने और भविष्य में किसी अनहोनी से बचाने के लिए सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की है.